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दोगुणी उम्र के मर्द से प्यार और सेक्स

  • द्वारा


फर्स्ट लव Xxx कहानी एक जवान लड़की की पहली चुदाई की है. उस लड़की को अपने से दुगनी उम्र के आदमी से प्यार हो गया. उन दोनों का पहला सेक्स कैसे हुआ?

यह कहानी सुनें.

हैलो फ्रेंडस, मेरा नाम आयशा है. मैं 22 साल की हूँ. मैं पोस्ट ग्रेजुएशन कर रही हूँ.

ये फर्स्ट लव Xxx कहानी एक साल पुरानी है.

वैसे मेरा रूप रंग बहुत अच्छा है, मैं बहुत सेक्सी दिखती हूँ. पर मोटी होने के कारण मेरे अंदर थोड़ी हीन भावना आ गयी थी.

अपना वजन सही करने के लिए मैंने जिम जाना शुरू किया.

जिम में मेरी मुलाक़ात एक प्यारे और नॉटी से मर्द से हुई. वो करीब 45 साल के होंगे.
वे विवाहित थे फिर भी मैंने जब उनको पहली बार देखा, मेरी नज़रें नहीं हटी उनसे …
और मैं इतनी सुंदर व हॉट हूँ कि वो भी मुझे देखते रह गए.

फिर क्या … उनसे मेरी 100-100 बार आंखें लड़ जाती थीं पर बात करने की हिम्मत ही नहीं होती थी.

मुझे तो नाम तक नहीं पता था उनका!
हम एक दूसरे को बहुत पसंद करने लगे थे … हद से आगे तक.

फिर वो मुझे कसरत बताने के बहाने से मुझसे बात करने आए और मेरा नाम पूछ लिया.
मैंने भी उनका नाम पूछ लिया.
उनका नाम मौलिक है.

इस तरह से एक महीने में हमारी दोस्ती हो गई थी.
फिर हम दोनों ब्वॉयफ्रेंड गर्लफ्रेंड बन गए और हम दोनों ने बहुत बातें करने लगे, जिम से बाहर मिलने लगे.

हम दोनों का पहला सेक्स कैसे हुआ, यही सब आपको इस सेक्स कहानी में मिलने वाला है.

एक दिन जब मैं अपने ब्वॉयफ्रेंड मौलिक के साथ होटल आई हुई थी.
वो मेरे साथ थे, तब दोपहर के 3 बज रहे थे.
हम लंच करने वहां आये थे.

मुझे अपने अन्दर अज़ीब सी गर्मी लग रही थी.
मैंने मौलिक को अपनी बेचैनी बताई तो उन्होंने एक कमरा ले लिया और हम दोनों कमरे में जाकर आराम करने लगे.
हम दोनों ने अभी तक सेक्स करने के बारे में नहीं सोचा था.

वो लेट गए थे और ठंडे कमरे में मुझे नींद सी आ गयी थी.

पता नहीं कब मेरी नींद खुली … तो मुझे लगा कि वो सुकून से सो रहे हैं. मैंने उनको छूना चाहा, पर वहां तो कोई भी नहीं था, मैंने उनकी रज़ाई हटाई, सिर्फ़ एक चादर थी और धीमी सी रोशनी.

वो मेरे साथ ही तो लेटे थे, पर अव मौलिक मेरी बगल में नहीं थे.

फिर वो बाथरूम से बेड पर आ गए.
मैं अनायास कांप सी गई.

उन्होंने मुझे बांहों में भर लिया- जान किसे ढूँढ रही हो?
मैंने उनकी आंखों में देखकर कहा- आपको, कहां थे आप?
‘कहीं नहीं … बस वॉशरूम गया था!’

इतना कहते हुए उन्होंने मुझे अपनी तरफ खींचा और किस करने लगे.
सोने के बाद मुझे बहुत सुकून मिला था तो मैं भी मस्ती में उनके होंठों को चूसने लगी.

उन्होंने अपनी जीभ मेरे मुँह में डाल दी.
मैं उनकी जीभ को चूसने लगी.

फिर मैंने भी अपनी जीभ उनके मुँह में डाल दी, वो भी चूसने लगे.

वो मेरे ऊपर थे.
मेरे बूब्स उनके सीने से दब रहे थे.
वो मेरे बूब्स को महसूस कर रहे थे और उनका लंड मेरी चूत के ऊपर से मुझे महसूस हो रहा था.

जानबूझ कर वो मेरी चूत पर लंड की रगड़ मार रहे थे.
ऐसा करने से मेरी चूत गीली हो रही थी.

हम दोनों को बहुत मज़ा आने लगा.

वो मेरे होंठों को बस चूसते जा रहे थे … चूसते जा रहे थे.
फिर उन्होंने मेरे होंठों को काटना शुरू कर दिया.

दस मिनट तक वो ऐसे ही चूसते रहे.
इतनी ज़बरदस्त चूमाचाटी के बाद मेरी चूत ने पानी छोड़ दिया.
मैंने जोर से उनको हग कर लिया.

उन्होंने कहा- जान टी-शर्ट उतारो ना!
मैंने काले रंग की टी-शर्ट पहनी हुई थी और काले रंग की ही ब्रा-पैंटी.

उन्होंने मुझे थोड़ा ऊपर उठाया और मेरी टी-शर्ट को निकाल दिया.
फिर मेरी ब्रा का हुक खोल दिया. मेरे बड़े बड़े कबूतर आज़ाद हो गए.

उन्होंने मेरे दूध देख कर कहा- वाउ सो ब्यूटीफुल … उफ ये गोरे बूब्स और पिंक निपल्स आई लव इट.
बस ये कह कर उन्होंने एक निप्पल को अपने होंठों से पकड़ा और मुँह में ले लिया; वो मस्त होकर खींच खींच कर मेरे निप्पल को चूसने लगे.
मैं सिसियाने लगी.

वो एक हाथ से मेरे एक निप्पल को अपनी दो उंगलियों से पकड़ कर मींज रहे थे और दूसरे को मुँह में लेकर चूस रहे थे काट रहे थे.
मुझे सच में बहुत मज़ा आ रहा था.

मैंने सीत्कार भरते हुए कहा- आह जान … और जोर से चूसो … और जोर से … खा जाओ इनको!
ऐसा कहते हुए मैंने अपने एक दूध को पूरा उनके मुँह में दे दिया.

‘जान खा जाओ इसे … चूस लो पूरा.’
उन्होंने कुछ मिनट तक मेरे एक बूब को खूब चूसा, फिर दूसरे बूब को मुँह में ले लिया.

आह … मुझे अपने आशिक से अपने दूध चुसवाने में बहुत अच्छा लग रहा था.
मेरी चूत में चींटियां सी रेंगने लगी थीं ‘उफ जान … बहुत मजा आ रहा है आह तुम सच में बहुत सेक्सी हो … आई लव यू जान … क्या मस्त चूसते हो … आह खा जाओ जान … काट लो बहुत सताते हैं ये मुझे …’

उनके दूध चूसने से ही मैं फिर एक बार झड़ गई.
मेरी चूत पूरी गीली हो गई.

मैंने कहा- जान अब मुझे कर दो … प्लीज़ फक मी.
वो मेरी आंखों में ऐसे झांकने लगे मानो वो कुछ ठीक से सुन न सके हों.

मैंने फिर से कहा- प्लीज़ फक मी!
लेकिन वो मुझे अभी और तड़पाना चाहते थे.

वो हंस कर बोले- हिन्दी में बोलो, तब फक करूँगा.
ये कह कर वो मेरे पेट को चाटने लगे.

‘उफ्फ तुम्हारी ये बेल्ली …. वाउ आई लव इट … मस्त बेल्ली है …’
ये कहते हुए वो मेरी नाभि को चूसने लगे.

उधर मेरी गीली चूत तड़प रही थी, मगर वो नीचे जा ही नहीं रहे थे.
मैं उनके सर को दबा कर नीचे को धकेल रही थी.

वो मेरी भावना सनझ रहे थे मगर नीचे नहीं हो रहे थे.
फिर अचानक से वो और नीचे को हो गए और मेरी चूत पर अपनी जीभ फिराने लगे.
उफ्फ़ उम्म आह उह … मेरी मादक कराहें गूंजने लगीं.

फिर उन्होंने मेरी जांघों को फैला दिया और मेरी चूत के दाने को जीभ से चाटने लगे.
मुझे बहुत मज़ा आ रहा था.

उफ्फ़ … ऐसा लग रहा था कि मैं ज़न्नत में हूँ.
वो बड़े प्यार से मेरी चूत को चाट रहे थे. वो कभी एकदम से धीमे हो जाते, तो कभी जोर जोर से चूत को चाटने लगते.

मेरी चूत गीली हो गई थी और चुदने के लिए पागल हो रही थी ‘जान फक मी प्लीज़ डू इट.’

पर उन्हें तो चूत चूसने में मज़ा आ रहा था … वो किसी प्यासे कुत्ते की तरह अपनी कुतिया की चूत चाटे जा रहे थे.

‘उफ्फ़ जान आह यू आर आसम जान … आह कितना मस्त चूसते हो … उफ्फ मज़ा आ गया जान.’
वो मेरी चूत में अपनी जीभ फिराते और मेरी आंखों में झांकते हुए बोले- तुम्हें ये पसंद आया?

मैं- हां जान … आई लव इट. मुझे बेहद पसंद आ रहा है … सच में आप मस्त सकिंग कर रहे हैं. आई लव इट. बट जान फक मी प्लीज़. फक मी उफ्फ आ जान आह और कितना तडपाएंगे … फक मी जान.
वो शरारत से मेरी आंखों में झांकते हुए बोले- हिन्दी में बोलोगी, तब फक करूंगा.

मैं शर्मा सी गई और कुछ नहीं बोली.
वो कहते जा रहे थे कि हिन्दी में बोलो.

मैंने कहा- नो. मैं नहीं कह सकती जान!
फिर वो मेरे ऊपर चढ़ गए और मेरे होंठों को काटते हुए बोले- छोड़ो ना जान … तुम्हें हिंदी में बोलने में इतना समय लग रहा है. अब मैं ही कुछ करता हूँ.

ये कह कर उन्होंने अपना अंडरवियर उतार दिया.
मैं उनका लंड देखती रह गई.

आह इतना प्यारा एकदम वाइट, वाउ … उनका मस्त मोटा लंड देखकर मैं और मेरी चूत खुश हो गई.
वो लंड हिला कर बोले- ब्लो जॉब दोगी?
मैंने कहा- नो … नेक्स्ट टाइम.

मुझे तो फिलहाल उनके लंड से चुदने की बेचैनी थी. फर्स्ट लव Xxx के लिए मैं तड़प रही थी.
उन्होंने मुझे पोजिशन में लिया और मेरी टांगों के बीच आ गए.

मैं अनुराग से और वासना से उनके लंड को निहारने में लगी थी.
उन्होंने अपना लंड मेरी चूत की फांकों में रगड़ा और हटा लिया.

मैं गनगना गई.
वो एकदम से मुस्कुरा दिए और बोले- कैसा लगा?
मैंने आंखों में तड़फ दिखाते हुए अपनी कमर उठा दी और उनके लंड को अपनी चूत से लड़ा दिया.

उनका मोटा लंड … साला मेरी चूत की चुम्मी लेकर फिर से हट गया.
मैंने अपने हाथों से उनके चूतड़ों को पकड़ कर अपनी तरफ खींचा.

मगर वो मर्द थे. मेरी नाजुक पकड़ से कहां खिंच पाते.

कुछ देर तक वो मुझे यूं ही सताते रहे.
मैं लंड चूत में लेने के लिए मचल उठी थी.

उसी समय मेरे मुँह से न जाने कैसे निकल गया- चोद दे मादरचोद साले … क्यों तड़फा रहा है … लंड पेल भोसड़ी के.

ये कह कर मैंने अपनी कमर उठा दी और उसी समय उन्होंने पूरी ताकत से अपना लंड अन्दर सरका दिया.
आह मैं मर गई …
मेरी आंखें फ़ैल गईं और मुँह से एक तेज आवाज निकल गई- आह मर गई अम्मी रे … मेरी फाड़ दी कुत्ते आह आह.

मगर वो मेरे ऊपर अपनी पूरी हैवानियत से चढ़ कर मेरी चूत फाड़ने में लग गए थे.
एक के बाद एक लगातार दस बारह झटके लगे और मेरी चूत के चिथड़े उड़ गए.
मेरी चूत से खून की लकीर बह निकली और मैं अपनी चेतना खोने लगी.

कुछ ही देर में मुझे लज्जत मिलने लगी और मैं आंखें खोल कर अपने सनम को देखने लगी.
वो मेरी तरफ देख कर मुस्कुरा रहे थे.

मैंने भी हल्की सी स्माइल दे दी और हमारे बीच चुदाई का घमासान शुरू हो गया.
मेरी आवाज निकलने लगी- आह जान और जोर से चोदो और जोर से … मेरी चूत फाड़ दो जान … आह.

वो- नहीं, मेरी जान फाड़ूँगा नहीं, प्यार से चोदूंगा … तुम्हें देखकर मुझे बहुत प्यार आता है.
उफ … मेरी चूत पानी छोड़ती हुई उनके लंड को भिगो रही थी. उनको और मज़ा आ रहा था.

वो मस्ती से मुझे चोदते जा रहे थे.

‘जान आ आ फक मी फक मी मोर.’
वो हिंदी में बोलने की कहते हुए मुझे पेलते जा रहे थे.

मैंने कहा- जान, थोड़ा ऊपर से चोदो न … जब आप मुझको चोद रहे हो ना, तो क्लिट के ऊपर से लंड रगड़वाने का मज़ा ही कुछ और ही आता है.

फ्रेंड्स, ये अनुभव की बात है कि किसी भी लड़की को उस वक्त मज़ा आ जाएगा, जब लंड उसके सबसे सेन्सिटिव पार्ट को टच करते हुए अन्दर जाएगा.

अब मेरी जान को भी मेरे दाने के ऊपर से लंड रगड़ कर मुझे चोदने में बहुत मज़ा आने लगा था.

वो- तेरी चूत बहुत मस्त है जान, रशियन वाला मज़ा दे रही हो.
मैं- आह जान … आप बहुत मस्त चोदते हो … फक मी मोर!

वो हंस कर बोले- जान जब चुदाई का सही मजा लेना हो, तब हिंदी में बोलने से मजा आता है. खुल कर लंड चूत बोलो और चुदाई का मजा लो.
मैंने भी कह दिया- हां और इसके बाद कहोगे कि गाली देते हुए चुदाई का मजा ज्यादा आता है.

वो हंस दिए और बोले- तुम खुद सोचो कि लंड लेने के लिए तुमने क्या कहा था?
मैं शर्मा गई और धीरे से बोल उठी- हां, मादरचोद कहा था मैंने.
वो हंस दिए और बोले- साली रांड … लंड ले भैन की लवड़ी.

उनकी इस गाली से उसी पल मेरी चूत ने फिर से एकदम से पानी छोड़ दिया और उनका लंड बहुत गीला हो गया.

इतना सब होने के बाद तो कोई भी लंड पानी छोड़ देगा.
ऐसा ही हुआ.

उन्होंने अपने लंड की सारी मलाई मेरी चूत में डाल दी.
उनका गर्म गर्म रस जब मेरी चूत में भर रहा था, तब मुझे बहुत मज़ा आ रहा था.

फिर वो मेरे ऊपर लेट गए और मैंने उन्हें कसकर क़ैद कर लिया, जैसा मैं चाहती थी कि मेरी चूत में लंड ऐसे ही घुसा रहे और मैं निकालने ही ना दूं.

दोस्तो, कैसी लगी मेरी ये सेक्स कहानी?
उम्मीद है कि आपको फर्स्ट लव Xxx कहानी पसंद आई होगी.
अगली कहानी में मैं बताऊंगी कि कैसे उन्होंने मुझे अगले राउंड में अलग तरह से चोदा. मैंने भी उनकी चाहत को पूरा करते हुए कैसे उनके प्यारे से लंड को ब्लो जॉब दिया.
धन्यवाद.

लेखिका के आग्रह पर इमेल आई डी नहीं दिया जा रहा है.

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